Uttam Nagar Murder: तरुण मर्डर केस में 7 गिरफ्तार, जानिए पूरा मामला
उत्तम नगर इलाके में हुए तरुण हत्याकांड के बाद से माहौल लगातार तनावपूर्ण बना हुआ है। मामले में पुलिस ने अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है

Uttam Nagar Murder: दिल्ली के उत्तम नगर इलाके में हुए तरुण हत्याकांड के बाद से माहौल लगातार तनावपूर्ण बना हुआ है। इस मामले में दिल्ली पुलिस ने अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक नाबालिग भी शामिल बताया जा रहा है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और घटना में शामिल अन्य लोगों की पहचान कर उन्हें पकड़ने के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।
द्वारका जिले के पुलिस उपायुक्त कुशल पाल सिंह ने बताया कि पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि घटना से जुड़े हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच आगे बढ़ाई जा रही है और जो भी लोग इसमें शामिल पाए जाएंगे, उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
परिवार ने उठाई CBI जांच की मांग
मृतक तरुण के परिवार ने इस मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से जांच कराने की मांग की है। तरुण के पिता का कहना है कि पुलिस ने शुरुआत में मामले की सही तरीके से जांच नहीं की। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें यह भी नहीं बताया कि किन लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
परिवार का कहना है कि वे अपने बेटे के लिए न्याय चाहते हैं। उनका आरोप है कि जब वे शिकायत करने के लिए पुलिस स्टेशन पहुंचे तो उन्हें अंदर जाने नहीं दिया गया। उन्होंने यह भी कहा कि जब परिवार और स्थानीय लोग विरोध प्रदर्शन के लिए सड़कों पर उतरे, तब पुलिस ने लाठीचार्ज किया।
तरुण के पिता ने बताया कि घटना के समय उनका बेटा अपने घर की ओर लौट रहा था। उसी दौरान 15 से 20 लोगों के समूह ने उस पर हमला कर दिया। परिवार का आरोप है कि हमलावरों ने लाठी-डंडों से बुरी तरह पिटाई की, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
होली के दिन शुरू हुआ विवाद
पुलिस और परिवार की ओर से मिली जानकारी के अनुसार, यह विवाद होली के दिन शुरू हुआ था। बताया जा रहा है कि जेजे कॉलोनी में एक नाबालिग लड़की अपने घर की बालकनी में पानी से भरा गुब्बारा लेकर खड़ी थी। इसी दौरान गुब्बारा उसके हाथ से फिसलकर नीचे खड़ी एक महिला के ऊपर गिर गया, जो दूसरे समुदाय से बताई जा रही है।
इस घटना के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। परिवार का कहना है कि बच्ची और उसके परिजनों ने इस गलती के लिए माफी भी मांगी थी और बताया था कि गुब्बारा गलती से गिरा है। हालांकि इसके बावजूद विवाद बढ़ता चला गया।
घर पर हमला और मारपीट का आरोप
तरुण के चाचा टेकचंद के अनुसार, विवाद के बाद दूसरे पक्ष के कई लोग इकट्ठा होकर उनके घर पहुंच गए। उन्होंने आरोप लगाया कि आरोपियों ने घर में तोड़फोड़ की और परिवार के लोगों के साथ मारपीट भी की। इस दौरान महिलाओं के साथ बदसलूकी करने का भी आरोप लगाया गया है। झड़प में तरुण के दादा मान सिंह भी घायल हो गए थे।
बताया जा रहा है कि इसी विवाद के बीच तरुण जब होली खेलकर घर लौट रहा था, तब कुछ लोगों ने उसे घेर लिया और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल होने के बाद उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
इलाके में तनाव, पुलिस बल तैनात
तरुण की मौत के बाद इलाके में तनाव फैल गया। आक्रोशित लोगों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया। शुक्रवार को गुस्साए लोगों ने आरोपियों के घर के बाहर खड़ी बाइक और एक कार को आग के हवाले कर दिया। स्थिति को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल और अर्धसैनिक बलों की तैनाती कर दी है। अधिकारियों के अनुसार, कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पूरे क्षेत्र में सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
थाने का घेराव और प्रदर्शन
घटना के बाद बड़ी संख्या में लोग उत्तम नगर थाने के बाहर जमा हो गए और प्रदर्शन किया। बताया जा रहा है कि देर रात तक लोग थाने के बाहर सड़क पर बैठे रहे और आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग करते रहे। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच के लिए आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। साथ ही सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो और अन्य साक्ष्यों को भी जांच में शामिल किया जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है और किसी भी तरह की अफवाह या हिंसा को रोकने के लिए सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। वहीं तरुण के परिवार और स्थानीय लोग इस मामले में जल्द से जल्द न्याय की मांग कर रहे हैं।
यह भी पढ़ें: Delhi BJP Report Card: दिल्ली सरकार के 1 साल, रेखा गुप्ता ने गिनाए काम









